पंचायत चुनाव में 27 फीसदी आरक्षण पर सियासत तेजसुप्रीम कोर्ट कर चुका है खारिजसरकार ने लगाई याचिका,3 जनवरी को होगी सुनवाई

पिछड़ों को आग में मत झोंको, सब साथ मिलकर लड़ो
पंचायत चुनाव में 27 फीसदी आरक्षण पर सियासत तेजसुप्रीम कोर्ट कर चुका है खारिजसरकार ने लगाई याचिका,3 जनवरी को होगी सुनवाई
छिंदवाड़ा:- पीयूष परमार- मोदी कैबिनेट में खाद्य प्रसंस्करण राज्य मंत्री प्रह्लाद पटेल मध्यप्रदेश के छिंदवाड़ा पहुंचते हैं जहां पर वे रेस्ट हाउस पर मीडिया से चर्चा करते वक्त मध्यप्रदेश में विवादित मुद्दा पंचायत चुनाव में 27 फ़ीसदी ओबीसी आरक्षण पर बात रखते हैं.
वे कहते हैं कि ओबीसी को आग में मत झोंको,सब साथ मिलकर लड़ो और पिछड़ों को उनका हक अवश्य दिलाओ.
बता दें कि मध्यप्रदेश में पंचायत चुनाव में 27 फ़ीसदी आरक्षण पर कांग्रेस और भाजपा सड़क से लेकर सदन तक आमने-सामने हैं. यहां तक की पांच दिवसीय विधानसभा सत्र के दौरान मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और नेता प्रतिपक्ष कमलनाथ आमने-सामने तक आ चुके हैं. कई दिनों के हंगामे और बहस के बाद सदन के द्वारा सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित किया. जिसमें सभी ने एक राय होकर 27 फ़ीसदी आरक्षण को समर्थन दिया.
सुप्रीम कोर्ट ने खारिज किया ओबीसी आरक्षण
देश के उच्चतम न्यायालय ने मध्यप्रदेश में पंचायत चुनाव में 27 फ़ीसदी ओबीसी आरक्षण को खारिज कर दिया है जिसकी वजह से पंचायत चुनाव अधर में लटके हैं और मध्य प्रदेश की सरकार के द्वारा याचिका लगाए जाने के बाद सुप्रीम कोर्ट ने इसकी तारीख 3 जनवरी तय की है




