गौ वंश पर सियासत : मंत्री डंग बोले, जिनकी सैलरी हो 25 हजार से ज्यादा, उनसे हर महीने लें 500 रुपए, आगे कही ये बड़ी बात

भोपाल : साेमवार काे मध्य प्रदेश की सियासत गौ वंश के इर्द-गिर्द घूमती रही। दरअसल, प्रदेश सरकार में मंत्री हरदीप सिंह डंग के एक बयान ने प्रदेश में सियासत गरमा दी। सोमवार को मंत्री डंग ने मीडिया से चर्चा करते हुए कहा कि प्रदेश में गाय पालने काे लेकर कानून बनाया जाए। जो जनप्रतिनिधि चुनाव लड़ना चाहता है, उसके लिए गाय पालना अनिवार्य हो। गाय नहीं पालने वाले व्यक्ति का चुनाव आयोग फार्म निरस्त करे।
मंत्री डंग ने आगे कहा कि जिन कर्मचारियाें की सैलरी 25 हजार रु. से ज्यादा है, उनसे हर महीने 500 रु. लिए जाएं। साथ ही खेती किसानी से जुड़े क्रय-विक्रय करने वाले किसानों के लिए गाय पालना अनिवार्य किया जाए। मैं इस बारे में चुनाव आयोग को भी पत्र लिखूंगा।
मंत्री हरदीप सिंह डंग के इस बयान के बाद प्रदेश के कृषि मंत्री कमल पटेल ने भी इसका समर्थन किया, उन्होंने भी गाय का पालन समय की आवश्यकता बताया। कृषि मंत्री कमल पटेल ने कहा गाय भारत की जीवनदायिनी है और गौ वंश पालने से जैविक खेती को बढ़ावा मिलेगा। यह वर्तमान की जरूरत है कि गाय हर घर में पाली जाए जिससे खेती में भी कम लागत लगे।
प्रदेश सरकार के दो दिग्गज मंत्रियों के बाद भाेपाल से कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद का बड़ा बयान सामने आया। आरिफ मसूद ने कहा कि हमें डंग का प्रस्ताव मंजूर है, लेकिन भाजपा सरकार ये वादा करे कि हमारे गाय पालने पर माॅब लिंचिंग नहीं हाेगी। मॉब लिंचिंग में अल्पसंख्यकों को मारा जाता है।
हमारी जान की हिफाजत कौन करेगा सरकार तय करे। ये सिर्फ भाजपा का सियासी प्रोपगेंडा है।




