
भोपाल/प्रियंक केशनवानीः- मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल के गांधीनगर अस्पताल में महावीर मेडिकल कॉलेज में हंगामा हुआ और मामला पुलिस के पास तक पहुंच गया। पुलिस ने कार्रवाई नहीं की लेकिन सादे कागज पर लिखा-पढ़ी कर दी। और 55 मजदूरों को 34000 रूपए दिलवा दिए। मजदूरों का कहना था कि उन्हें एक इवेंट के नाम से 1 घंटे के लिए 200 रूपए देकर लाया गया था लेकिन यहां अस्पताल में मरीज बनाकर भर्ती बना दिया गया।
यह मामला बिलकुल मुन्ना भाई फिल्म की तहर है जहां फर्जी मरीजों को भर्ती दिखाया गया है ताकि इंस्पेक्शन के दौरान कोई नेगेटिव रिमार्क ना मिले, भोपाल के गांधीनगर थाने में विवाद का खुलासा हुआ मामले की जानकारी के बाद भी कोई पुख्ता कानूनी कार्रवाई नहीं की और ना ही इंस्पेक्शन करने आई टीम को इसके बारे में बताया, केवल महावीर मेडिकल कॉलेज के मैनेजमेंट को बुलाकर सभी मजदूरों को 200 रूपए की मजदूरी और 100 रुपए ट्रैवल एलाउंस दिलवा दिया।
साधना उईके ने कहा कि मेडिकल कॉलेज के अधिकारी फर्जी मरीज दिखाकर शायद अधिकारियों को गुमराह कर रहे हैं। हम जब मजदूरों के हक की मजदूरी की मांग को लेकर धरना दे रहे थे। तभी मेडिकल कॉलेज के कर्मचारियों ने दुर्व्यवहार किया और गाली गलौज की। मोबाइल से हमारे साथियों के वीडियो डिलीट करा दिए।