अपनी मांगों को लेकर MPPSC अभ्यर्थियों का महाअभियान, कर रहे हैं ऑनलाइन गुहार

भोपाल/अंजली कुशवाह:  मध्य प्रदेश में चयनित शिक्षकों को लेकर काफी गरमा गर्मी का माहौल हैं. इसी बीच MPPSC के अभ्यर्थियों ने भी अपनी मांगों को लेकर एक नए महाअभियान की शुरूआत कर दी है. मिली जानकारी के अनुसार कई बार प्रदर्शन करने के बाद भी अभ्यर्थियों की मांगें पूरी नहीं की गयी हैं जिसके बाद अभ्यर्थियों ने अपनी बात को सरकार और कोर्ट तक पहुंचाने के लिए एक महाअभियान की शुरूआत की है. जिसके तहत ये अभ्यर्थी ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों ही माध्यम से प्रार्थना पत्र लिखकर ई-मेल और पत्र भेजकर मांगों को जल्द पूरा करने की गुहार लगा रहे है. इस महाअभियान के अंतर्गंत 1 लाख ई-मेल भेजने का लक्ष्य रखा गया है. इस महाअभियान को लेकर एमपीपीएससी के अभ्यर्थियों को लगातार जानकारी दी जा रही है, ताकि वे ई-मेल और पत्र भेजकर अपनी बात सरकार तक पहुंचा सके.

क्या हैं MPPSC के अभ्यर्थियों का महाअभियान

मिली जानकारी के अनुसार अभ्यर्थियों का यह महाअभियान 5 अक्टूबर से शुरू किया गया था जो लगातार जारी हैं. गौरतलब है कि एमपीपीएससी के अभ्यर्थियों ने अपनी मांगों को लेकर कई बार इंदौर एमपीपीएससी के ऑफिस पर प्रदर्शन भी किया. प्रदर्शन के दौरान कई तरीके जैसे कभी हाथों में कटोरा और किताब लेकर तो कभी पोस्टर बैनर लेकर किया गया. लेकिन अभ्यथियों का यहीं कहना है कि हर बार उन्हें सिर्फ आश्वासन ही दिया, लेकिन अभी तक उनकी मांगें पूरी नहीं है. अभ्यर्थी अपनी मांगों को लेकर महामहिम राष्ट्रपति, महामहिम राज्यपाल से लेकर सीएम शिवराज सिंह चौहान सहित अन्य के नाम कई बार ज्ञापन भी सौंप चुके है.

 

लगातार जारी हैं लेटर और ई-मेल भेजने की प्रक्रिया

प्राप्त जानकारी के अनुसार अभ्यर्थियों द्वारा ऑनलाइन प्रार्थना पत्र महाअभियान में 1 लाख ई-मेल भेजने का लक्ष्य रखा है. यह ई-मेल सुप्रीम कोर्ट, हाई कोर्ट, राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल, मुख्यमंत्री को ये ई-मेल भेजे जा रहे है. इसके अलावा ई-मेल में सब्जेक्ट में Appeal for justice या न्याय गुहार लिखकर ई-मेल भेजे जा रहे है और ऑफलाइन के माध्यम से भी पत्र भेज रहे है. एक अभ्यर्थी से मिली जानकारी के मुताबिक इंदौर में 20 हजार से ज्यादा ई-मेल भेज चुके है. वहीं लगातार ई-मेल पूरे मध्य प्रदेश से भेजे जा रहे है. वहीं इंदौर और मध्य प्रदेश से 1 हजार से ज्यादा लेटर भेजे जा चुके हैं. अभ्यर्थियों की माने तो लगातार लेटर और ई-मेल भेजने की प्रक्रिया अभी भी जारी हैं.

क्या हैं MPPSC के अभ्यर्थियों की मांगे

अभ्यर्थियों की मुख्य मांगें है कि – – राज्य सेवा परीक्षा (मुख्य परीक्षा) 2019 का परिणाम जल्द जारी करें। – राज्य सेवा परीक्षा (प्रांरभिक परीक्षा) 2020 का परिणाम जारी किया जाए। आगामी राज्य सेवा परीक्षा वर्ष 2021 की अधिसूचना माह सितंबर में जारी होना प्रस्तावित थी, जो अभी तक नहीं की है, अत: कैलेंडर समय अनुसार जारी किया जाए।  आरक्षण की स्थिति स्पष्ट की जाए तथा सभी युवाओं को संविधान और सुप्रीम कोर्ट की जारी गाइड लाइन के आधार पर परीक्षा परिणाम की मांग करते है। युवाओं का भ‌विष्य राजनीतिक ध्रुवीकरण, कोर्ट केस सुनवाई में ना उलझाया जाए।

अब आगे ये देखना होगा कि MPPSC के अभ्यर्थियों  द्वारा चलायी गयी इस मुहीम का आगे क्या परिणाम निकलेगा। 

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