उपचुनाव : कांग्रेस से बाग़ी औऱ बीजेपी में सहबागी श्रीमान सिंधिया के खिलाफ जमकर चली युवाओं की नारेबाजी औऱ नाराज़गी…

उपचुनाव : कांग्रेस से बाग़ी औऱ बीजेपी में सहबागी श्रीमान सिंधिया के खिलाफ जमकर चली युवाओं की नारेबाजी औऱ नाराज़गी…

द लोकनीति डेस्क भोपाल
राज्य में अब राजघरानों को लेकर नाराज़गी


मध्यप्रदेश में 28 सीटों पर होने जा रहे उपचुनाव को लेकर कांग्रेस और बीजेपी में जमकर सियासत चल रही है  जहां एक तरफ कांग्रेस का दामन छोड़ बीजेपी के पाले में आए हुए दिग्गज नेता महाराज सिंधिया और उनके समर्थक मंत्री पूर्व विधायकों के साथ प्रदेश की शिवराज सरकार को लगातार विरोध का सामना करना पड़ रहा है बात यही तक नहीं रुकती आए दिन नेताओं के जनसंपर्क के दौरान कभी काले झंडे दिखाकर तो कभी नारेबाजी से विरोध किया जा रहा है । 

युवाओं की नारेबाजी मध्यप्रदेश में बीजेपी के लिए ख़तरे की घँटी तो नहीं…???
रायसेन :
देशभर जिस तरह युवाओं ने अब स्वंय के रोजगार , औऱ सरकार के अचार पर विचार करना चालू कर दिया है यही वज़ह है कि अब प्रदेश में भी ख़ासकर युवा वर्गों में ख़ासी शिवराज सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी चल रहीं है। अतिथि विद्ववानों औऱ अथिति शिक्षक साफ़तौर पर शिवराज सरकार के खिलाफ मोर्चा दे रहें है। युवाओं ने अपना विरोध ट्वीटर में भी घुसेड़ दिया है क्योंकि वे ख़ुद व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी पर विश्वास नहीं करते।

क्या है पूरा मामला???
दरअसल ,मंगलवार को CM शिवराज, BJP की  कद्दावर नेत्री उमा भारती रायसेन में कांग्रेस से दल बदल कर बीजेपी का दामन थामने वाले डॉक्टर प्रभु राम चौधरी के समर्थन में एक सभा को संबोधित करने पहुंचे थे । जहां सरकार द्वारा लगभग 200 करोड़ के विकास कार्यों का भूमिपूजन एवं लोकार्पण किया गया था इस दौरान शिवराज के भाषण से पहले सभा में बंद करो मतदान बिक जाते हैं श्रीमान के जोर-जोर से नारे लगने शुरू हो गए इतना ही नहीं सभा में चौधरी के खिलाफ कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी की, कार्यकर्ताओं ने बंद करो मतदान बिक जाते है श्रीमान के नारे लगाए सभा में जमकर हंगामा होने लगा तो  पुलिस ने मोर्चा संभाला और इसी के साथ नारे लगाने वाले की भीड़ में पुलिस ने 4 लोगों को हिरासत में ले लिया हालांकि उन्हें देर रात को छोड़ दिया गया लेकिन इस पूरे घटनाक्रम का एक वीडियो भी खूब वायरल हो रहा है जिसने भाजपा में खलबली मचा दी है। 

आपको बता दें कि हाल ही में ग्वालियर चंबल में हुई सभाओं के दौरान भी जमकर हंगामा और नारेबाजी देखने को मिली थी भिंड मुरैना में तो कांग्रेसियों ने काले झंडे दिखाकर सिंधिया का विरोध किया था जिसके बाद पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था वह खबर में अतिथि विद्वानों और युवाओं का हंगामा होने के बाद सिंधिया को अपना भाषण तक बीच में रुकना पड़ा था उसको देखते हुए यह अनुमान लगाया जा सकता है बड़े ही भाजपा को सत्ता बचाए रखने के लिए 9 सीटों की जरूरत हो लेकिन विरोध को देखते हुए मंत्रियों को जीताना भाजपा के लिए बड़ी चुनौती और समस्या से कम नहीं है

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