
मध्यप्रदेश/मुरैना – मुरैना जहरीली शराब कांड में मरने वालों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही हैं। शराब केस में अब तक 21 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि बाकी का इलाज किया जा रहा हैं। मामला बागचीनी थाना स्थित छेरा मानपुर गांव और सुमावली थाना के पहवाली गांव का हैं। कहा जा रहा है कि छेरा मानपुर गांव में जहरीली शराब से लोगों की मौत हुई हैं। वहीं, पहवाली गांव में भी कई लोग जहरीली शराब के सेवन करने से मर गए हैं, जबकि गंभीर रूप से बीमार में से लोगों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया हैं।
कांग्रेस ने इस पूरे मामले को लेकर प्रदेश सरकार पर सवाल खड़े किए हैं। पीसीसी चीफ कमलनाथ ने घटना की जांच के लिए पार्टी स्तर पर एक कमेटी भी वहां भेजने का फैसला किया हैं। कांग्रेस पार्टी ने घटना की जांच के लिए 6 सदस्यीय जांच कमेटी का गठन किया है, जो मौके पर जाकर पीड़ित परिवार से मिलेगी और पूरे मामले की रिपोर्ट प्रदेश कांग्रेस कमेटी को सौंप देगी। इस पूरे मामले के लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराया हैं। वहीं, इस मामले में पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने पीड़ित परिवारों को 50 लाख रुपए की मदद देने की मांग की हैं।
इधर, मुख्यमंत्री शिवराज ने भी घटना की जांच के लिए एक उच्चस्तरीय जांच दल का गठन किया हैं। इसमें एसीएस होम समेत दो एडीजी स्तर के अधिकारियों को शामिल किया गया हैं। यह जांच दल मुरैना जाकर पूरे घटनाक्रम की जांच करेगा और सरकार को अपनी रिपोर्ट सौंपेगा। जबकि सीएम शिवराज कलेक्टर-एसपी को हटाने के बाद मुरैना के बागचीनी थाने के सभी पुलिसकर्मियों को हटाने के निर्देश भी जारी कर दिए हैं। इस थाने के अंतर्गत जहरीली शराब का कारोबार सालों से चल रहा था, जिसमें अभी तक 21 लोगों की मौत हो चुकी हैं।