मैहर नगरपालिका के गल्ले व भोजन व्यवस्था से कोषों दूर है योग्य हितग्राही, भटक रहा दर दर

भोजन की लिस्ट में नाम है पर भोजन नही मिलता

मैहर से सैफ़ी खान की रिपोर्ट – जैसा कि जब से कोरोना वायरस के संक्रमण के रोकथाम हेतु देश मे लॉक डाउन किया गया और जबसे लॉक डाउन देश मे हुआ तब से केंद्र व राज्य सरकार लगातार जनता की व्यवस्था में प्रयासरत हैं। साथ ही हर गरीब को भोजन मिले इसके लिए सरकार सभी सम्भव प्रयास कर रही यही नही स्थानीय स्तर पर समाजसेवी भी गरीब जनता की भोजन व्यवस्था को मद्देनजर रखते हुए नगरपालिका में योग्यता अनुसार दान स्वरूप कर रहे। लेकिन आपको बता दे कि आज भी कुछ ऐसा गरीब परिवार है जिनको न तो नगरपालिका से गल्ला मिला और न ही नगरपालिका से बटने वाला भोजन का पैकेट मिला और वे बिचारे आज भी सुविधा को लेकर दर दर भटक रहे हैं। यही नही सरकार की मंशा पर पानी फ़ेल गया हैं। इसका जिम्मेदार किसको माना जाए, सोचिए जिस गरीब की व्यवस्था में सरकार व स्थानीय समाजसेवी लगे है इनकी मेहनत व समाज हित किस काम का जब योग्य हितग्राही सुबिधा से दूर हैं। खैर बात जो भी हो गैर जिम्मेदार कोई भी शख्स हो उसके ऊपर कड़ी कार्यवाही होनी चाहिए ताकि दुबारा कोई गरीब के हित मे बट्टा न लगा सके।

दूसरी एक बात ओर आपको बता दे कि नगरपालिका के द्वारा जो भोजन देने वाले जनता का नाम की एक लिस्ट तैयार की गई उस लिस्ट के अनुसार जिन लोगो का नाम दर्ज है उनमें कुछ लोगों को भोजन नही मिल रहा और उनका नाम लिस्ट में हैं। वार्ड नम्बर बीस में ऐसे कई परिवार है जब एक वार्ड ऐसा हो तो यह अनुमान लगाया जा सकता है कि पूरे 24 वार्ड में न जाने कितने ऐसे लोग होंगे जिनका नाम तो नगरपालिका की लिस्ट में है पर भोजन नही मिलता।

Exit mobile version