"गटर से निकलकर नाले में फंसे" कन्हैया कुमार, मैं केवल उसके साथ सहानुभूति रख सकता हूं – कैलाश विजयवर्गीय 

इंदौर : मंगलवार को तेज़ तर्रार युवा नेता कन्हैया कुमार ने राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण की। कन्हैया कुमार ने पार्टी में शामिल होने के बाद कहा, मैं कांग्रेस में शामिल इसलिए हुआ हूँ कि यह पार्टी नहीं, एक विचार है। यह देश की सबसे पुरानी और लोकतांत्रिक पार्टी है और मैं लोकतांत्रिक शब्द पर ज़ोर दे रहा हूँ। देश कांग्रेस के बिना नहीं बच सकता।

कांग्रेस नेता कन्हैया कुमार के कांग्रेस में शामिल होने के फैसले पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) के दिग्गज नेता कैलाश विजयवर्गीय ने तंज कसा। उन्होंने कहा कि  “अगर कोई गटर से निकलकर नाले में गिरकर फंस जाता है तो मैं केवल उसके साथ सहानुभूति रख सकता हूं”। 

मालूम हो कि कन्हैया के शामिल होने से पहले भाजपा आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने ट्वीट किया था, ‘सर्जिकल स्ट्राइक की बरसी पर कांग्रेस कन्हैया कुमार और जिग्नेश मेवानी को ‘भारत तेरे टुकड़े होंगे’ फेम स्वीकार करेगी। यह महज संयोग नहीं हो सकता। 

बता दे कि कन्हैया कुमार ने कांग्रेस में शामिल होने के बाद कहा था कि, “कांग्रेस पार्टी एक बड़े जहाज़ की तरह है। यदि यह बचती है तो मुझे लगता है कि कई लोगों की आकाँक्षाएँ बच जाएंगी, महात्मा गांधी की एकता, भगत सिंह का साहस और बी. आर. आंबेडकर का समानता का विचार भी बचा रहेगा।”

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