
मध्यप्रदेश/इंदौर – मध्यप्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में कोरोना बेकाबू होता जा रहा हैं। यहां आए दिन रिकॉर्ड तोड़ मामले सामने आ रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग के नियमित बुलेटिन के मुताबिक, पिछले 24 घंटे के दौरान इंदौर जिले में संक्रमण के 1552 नये मामले सामने आए जो दैनिक स्तर पर अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा हैं। यहां संक्रमण की दर 18 प्रतिशत हैं। जबकि पिछले 24 घंटे के दौरान जिले में छह मरीजों ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।
हालात ये है कि अस्पतालों में बेड और ऑक्सीजन की किल्लत शुरू हो गई हैं।
इसी बीच इंदौर के पलासिया क्षेत्र के ग्रेटर कैलाश हॉस्पिटल से एक मामला सामने आया जहां कोविड-19 के मरीज को बिस्तर नहीं मिलने पर आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल में जमकर हंगामा करने के साथ तोड़-फोड़ की।
अस्पताल के संचालक अनिल बंडी ने बताया, 'हमारे स्टाफ ने मरीज के परिजनों से कहा कि बिस्तर खाली नहीं होने के चलते हम फिलहाल उसे भर्ती नहीं कर सकते। इस बात पर मरीज के परिजनों ने हमारे स्टाफ से विवाद करते हुए मेज की वे पारदर्शी शीट तोड़ दीं जो कोविड-19 से बचाव के लिए लगाई गई थीं। अनिल बंडी ने बताया की हॉस्पिटल में कोविड-19 के मरीजों के लिए कुल 90 बिस्तर हैं जो पहले ही भर चुके हैं।
इधर, थाने के प्रभारी संजय बैस ने बताया कि तोड़-फोड़ की घटना को लेकर अस्पताल प्रबंधन की ओर से फिलहाल कोई प्राथमिकी नहीं दर्ज कराई गई हैं। उन्होंने बताया कि उस मरीज की पहचान नहीं हो सकी है जिसके परिजनों ने इस घटना को अंजाम दिया हैं।