
हाथरस गेंगरेप: वाल्मिकी समाज का विरोध, शहर मे तीन दिन तक बन्द रहेगा सफाई कार्य
हाथरस की वीभत्स घटना को लेकर खरगोन जिले के अलग अलग स्थानो पर विरोध प्रदर्शन
खरगोन/बड़वाह/सनावद/लोकेश कोचले की रिपोर्ट :- उप्र के हाथरस मे मानवता को शर्मशार कर देने वाली घटना को लेकर देश भर मे विरोध हो रहा है। इसी के चलते खरगोन के बड़वाह तहसील मे बड़वाह व सनावद नगरपालिका के कर्मचारियो द्वारा घटना के विरोध मे व आरोपियो को फांसी देने को लेकर तीन दिवसीय सफाई कार्य बन्द का राष्ट्रीय आंदोलन किया जा रहा है।जिसके चलते आज अम्बेडकर पेरियार मिशन के कार्यकर्त्ताओं व सफाई कर्मचारियों के द्वारा राजस्व निरिक्षक बड़वाह व सीएमओ बड़वाह को ज्ञापन सौपा गया।
ज्ञात हो की उप्र के हाथरस जिले के एक गांव की 19 वर्षीय बालिका मनिषा वाल्मिकी की चार नीच प्रजाति के तथाकथित मनुष्यो ने मानवता को शर्मशार करते हुये, उसके साथ बलात्कार किया, जिसके बाद उसकी जुबाँ काट दी गयी ताँकी वह अपने साथ हुई आपबीती किसी को बता ना सके। इतनी ज्यादती करने के बाद भी दरिन्दो को चेन नही मिला तो उन्होने युवती की गले की हड्डी भी तोड़ दी।
युवती ने जिंदगी और मौत के बिच लडते हुये आखिरकार दम तोड़ दिया : –
युवती की सामूहिक बलात्कार के बाद मौत होने और कथित तौर पर परिवार की इजाजत के बिना आननफानन में पीड़िता का अंतिम संस्कार करने को लेकर राज्य की सरकार सवालों के घेरे में है.
विपक्ष एवं परिजनों का आरोप है कि प्रशासन इस मामले में शुरुआत से ही ढीला रवैया अपना रहा था और यदि समय रहते उचित उपचार मिल जाता तो लड़की को बचाया जा सकता था।
राज्य की योगी सरकार के खिलाफ एक आरोप यह भी है चूंकि पीड़िता दलित जाति की थी और आरोपी सामान्य श्रेणी के हैं, इसलिए सरकार उन्हें बचाना चाह रही है. वहीं सरकार का दावा है कि राज्य में कानून व्यवस्था कायम है और इस मामले में फास्ट-ट्रैक के जरिये दोषियों को सजा दिलाई जाएगी।
खरगोन मे दो युवक धरने पर बैठे : –
एक तरफ जहाँ इस वीभत्स घटना का विरोध पुरे देश मे हो रहा है वही खरगोन जिले के दो होनहार युवा ओजस निहाले व नरेन्द्र सोलंकी इस पूरी घटना को लेकर व अपराधियों को फांसी की सजा दिलवाने को लेकर खरगोन के टी आई टी कॉमप्लेक्स पर धरने पर बैठ गये है।