दिग्विजय सिंह ने पीएम मोदी पर खड़े किए सवाल, कहा चौकीदार अब तो बता दो राफेल की कीमत

दिग्विजय सिंह ने पीएम मोदी पर खड़े किए सवाल, कहा चौकीदार अब तो बता दो राफेल की कीमत

दिग्विजय सिंह ने पीएम मोदी पर खड़े किए सवाल,

कहा चौकीदार अब तो बता दो राफेल की कीमत

भोपाल/गरिमा श्रीवास्तव:-  आज राफेल की एक-एक भारत पहुंच रही है. राफेल को अंबाला एयरबेस पर लैंडिंग कराने की तैयारी की जा रही है. इसी बीच अब राजनीति भी शुरू हो चुकी है....  राफेल की कीमत को लेकर मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सवाल किया है और कहा है कि चौकीदार अब तो राफेल की कीमत बता दो... 

 दिग्विजय सिंह ने ट्वीट कर कहा कि यदि हम इन प्रश्नों का उत्तर माँगते हैं तो मोदी जी की ट्रोल आर्मी और उनके “कठपुतली” मीडिया एंकर हमें राष्ट्रद्रोही बताते हैं!! क्या प्रजातंत्रीय व्यवस्था में विपक्ष को प्रश्न पूछने का अधिकार नहीं है?

https://twitter.com/digvijaya_28/status/1288297565956448257?s=19

राष्ट्रीय सुऱक्षा का आँकलन करते हुए रक्षा मंत्रालय ने 126 राफ़ेल ख़रीदने की सिफ़ारिश की थी जो UPA ने स्वीकार कर सहमति दी। अब मोदी जी ने 126 के बजाय 36राफेल ख़रीदने का फ़ैसला क्यों लिया? यह पूछने पर भी कोई जवाब नहीं। क्या मोदी जी ने राष्ट्रीय सुरक्षा के साथ समझौता नहीं किया?

https://twitter.com/digvijaya_28/status/1288296348920340480?s=19

एक राफ़ेल की क़ीमत कॉंग्रेस सरकार ने ₹786 तय की थी लेकिन “चौकीदार” महोदय कई बार संसद में और संसद के बाहर भी मॉंग करने के बावजूद आज तक एक राफ़ेल कितने में ख़रीदा है, बताने से बच रहे हैं। क्यों? क्योंकि चौकीदार जी की चोरी उजागर हो जायेगी!! “चौकीदार” जी अब तो उसकी क़ीमत बता दें!!

https://twitter.com/digvijaya_28/status/1288294310740283392?s=19

मोदी सरकार आने के बाद फ़्रांस के साथ मोदी जी ने बिना रक्षा व वित्त मंत्रालय व केबिनेट कमेटी की मंज़ूरी के नया समझौता कर लिया और HAL का हक़ मार कर निजी कम्पनी को देने का समझौता कर लिया। राष्ट्रीय सुरक्षा को अनदेखी कर 126 राफ़ेल ख़रीदने के बजाय केवल 36ख़रीदने का निर्णय ले लिया।

​​​​आख़िर राफ़ेल fighter plane आ गया। 126 राफ़ेल ख़रीदने के लिए कोंग्रेस के नेतृत्व में UPA ने 2012 में फैंसला लिया था और 18 राफ़ेल को छोड़कर कर बाकि भारत सरकार की HAL में निर्माण का प्रावधान था। यह भारत में आत्मनिर्भर होने का प्रमाण था। एक राफ़ेल की क़ीमत ₹७४६ करोड़ तय की गई थी

https://twitter.com/digvijaya_28/status/1288290193624010753?s=19