प्रदेश में मची लूट, पेट्रोल डीज़ल के बाद अब 1 मार्च से बस का किराया भी हुआ महँगा

प्रदेश में मची लूट, पेट्रोल डीज़ल के बाद अब 1 मार्च से बस का किराया भी हुआ महँगा
 
भोपाल/राजेश्वरी शर्मा:  मध्यप्रदेश में पेट्रोल डीज़ल के दाम लगातार बढ़ने से पहले ही जनता परेशान है , इसी बीच अब सरकार ने बस का किराया बढ़ाने की बात भी स्पष्ट कर दी है। 
दरअसल बस ऑपरेटर्स चाहते है की यात्री बसों का किराया बढ़ाया जाए जिसके कारण राज्य सरकार किराया बढ़ाने की तैयारी में है।  
पेट्रोल-डीजल महंगे होने का असर यात्री किराये पर पड़ने वाला है. बस ऑपरेटर की मांग पर सरकार यात्री किराए में वृद्धि करेगी। किराये में कितनी वृद्धि होगी इसका फैसला मुख्यमंत्री  शिवराज सिंह चौहान करेंगे।

बढ़ते पेट्रोल डीज़ल के दाम को देखते हुए बस ऑपेटर्स लगतार यात्री किराया बढ़ाने की मांग कर रहे है। उनका कहना है की  एमपी में डीजल ₹90 प्रति लीटर तक पहुंचने वाला है. ऐसे में सरकार को किराये में 50 फ़ीसदी से ज्यादा वृद्धि करना चाहिए,वरना प्रदेश की सड़कों पर बसें चलाना मुश्किल हो जाएगा। 
26 फरवरी को सुबह 5 बजे से बस ऑपरेटर्स ने सांकेतिक हड़ताल का किया ऐलान, बस ऑपरेटर एसोसिएशन का कहना है कि उनकी हड़ताल स्वेच्छिक है। बस ऑपरेटर एसोसिएशन के सदस्य दीपेश विजयवर्गीय ने बताया कि इस दौरान अगर कोई बस ऑपरेटर बस चलाता है तो उसे रोका नही जाएगा। हमारा उद्देश्य आम जनता को परेशान करता नहीं है। मध्यप्रदेश में कल हड़ताल के चलते कई रूटों पर बसें नहीं चलेगी। 
बस ऑपरेटर एसोसिएशन के किराए बढ़ाने की मांग पर मंत्री बोले कि बस संचालक और यात्रियों की सहमति से किराया बढ़ना तय होगा। इन सभी के मध्य आमजन की समस्या कोई नही समझ रहा। दिन प्रतिदिन कभी पेट्रोल का किराए बढ़ता है तो  कभी डीज़ल का… लेकिन अब बसों के किराये बढ़ने से आमजन की परेशानी बढ़ना तय है।

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