नगरीय निकाय चुनाव : कांग्रेस की मांग ख़ारिज, EVM से ही होगी वोटिंग

भोपाल से खाईद जौहर की रिपोर्ट – मध्यप्रदेश में लंबे समय से टल रहे नगरीय निकाय चुनाव अब जनवरी में हो सकते हैं। राज्य निर्वाचन आयोग चुनाव की तारीखों का ऐलान आज कल में कर सकता हैं। लेकिन उस से पहले राज्य निर्वाचन आयोग ने वोटिंग के लिए अधिसूचना जारी कर दी हैं। आयोग ने अपनी अधिसूचना में स्पष्ट किया है कि प्रदेश में होने वाले नगरीय निकाय चुनाव ईवीएम के जरिए ही होंगे। यानि वोटिंग EVM से ही होगी।
बता दे कि राज्य निर्वाचन आयोग ने कांग्रेस की मांग को खारिज कर दिया है, जिसमें उसने मतपत्र के जरिए चुनाव कराने की मांग की थी। निर्वाचन आयोग ने वजह ये बताई गई है कि मतदान ड्यूटी में जाने वाले अधिकारी कर्मचारी EVM वोटिंग में ट्रेंड हैं। इसलिए वोटिंग EVM से होगी।
वहीं, नगरीय निकाय चुनाव में EVM ही रखने के फैसले पर कांग्रेस नेता जेपी धनोपिया ने कहा ये जानकारी मिल रही है कि ईवीएम के साथ वीवीपेट को नहीं रखा जा रहा हैं। इसका मतलब बीजेपी के इशारे पर आयोग काम कर रहा हैं। कांग्रेस का आरोप है कि आयोग बीजेपी सरकार के दबाव में फैसला ले रहा हैं।
इस से पहले कांग्रेस ने प्रदेश की सत्ता में रहते हुए नगरीय निकाय चुनाव मतपत्र से कराने की मांग की थी। कांग्रेस ने इस संबंध में चुनाव आयोग को एक चिट्ठी भी लिखी थी। उसने विधानसभा और लोकसभा चुनाव में ईवीएम पर कई तरीके के सवाल खड़े किए थे। इसलिए उसकी मांग थी कि आगामी नगरीय निकाय चुनाव मतपत्र के जरिए कराए जाएं।
गौरतलब है कि जनवरी में निकाय चुनाव हो सकते हैं। इस चुनाव के लिए 2 चरण में वोटिंग होगी। जबकि आयोग नगरीय निकाय चुनाव के परिणाम 30 जनवरी तक घोषित कर देगा।
वहीं, फरवरी-अप्रैल में पंचायत चुनाव हो सकते हैं। मिली जानकारी के अनुसार पंचायत चुनाव 3 फेज में फरवरी से अप्रैल के बीच में कराने की तैयारी भी अंतिम चरण में हैं। बता दे कि चुनाव के लिए राज्य निर्वाचन आयोग ने तैयारी पूरी कर ली हैं। इधर, आयोग के साथ बीजेपी और कांग्रेस का भी दावा है कि वो भी चुनाव के लिए तैयार हैं।




