पीएमटी 2011 व्यापम घोटाला : CBI ने डॉ अजय गोयनका सहित 57 लोगों को पाया दोषी, 50 लाख तक में सीटों को बेचने का आरोप

मध्यप्रदेश/भोपाल – पिछले 5 साल से सीबीआई पीएमटी 2011 व्यापम घोटाले की जांच कर रही थी। जिसकी जांच पूरी हुई हैं। सीबीआई का कहना है कि मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस के सरकारी कोटे पर चिरायु प्रबंधन ने पहले डमी एडमिशन दिया और उसके बाद पहले से पड़े रहे छात्र को पीएमटी दिलाकर उनसे सीट बुक करवाई। इसके बाद बची हुई सीटों को मुंह मांगी रकम में बेचा गया।
सीबीआई ने चिरायु मेडिकल कॉलेज के संचालक डॉ अजय गोयनका सहित 57 लोगों को दोषी माना हैं। उन पर सरकारी कोटे की 39 सीटों को 50 लाख तक रुपए में बेचने का आरोप हैं। बताया जा रहा है कि आज सीबीआई अजय गोयनका सहित 57 लोगों के खिलाफ चार्जशीट पेश करेगी। वहीं सीबीआई ने अपनी जांच में ये भी पाया कि चिरायु प्रबंधन को इस घोटाले की जानकारी थी लेकिन प्रबंधन द्वारा इसे नजरअंदाज किया गया। इसके बाद मेडिकल एजुकेशन के अफसरों सहित मेडिकल कॉलेज के एडमिशन कमीशन के डॉक्टर इस आरोप में शामिल किए गए हैं।
बताते चले की साल 2012 के पीएमटी में भी गड़बड़ी के आरोप में डॉक्टर गोयंका को जेल भेजा गया था।




