करोड़ो की ग्रामीण नल-जल योजना का शुध्द पानी कब मिलेगा ग्रामीण गाँवो को?

करोड़ो की ग्रामीण नल-जल योजना का शुध्द पानी कब मिलेगा ग्रामीण गाँवो को?

बाग से मनीष आमले की रिपोर्ट - बाग जनपद के 29 ग्रामो की लगभग 50 करोड़ की ग्रामीण नल-जल प्रदाय योजना का निर्माण जिसे वर्ष 2017 में शुरू किया था। उसे वर्ष 2018 में पूरी होना था। वह आज 2021 तक भी सभी 29 ग्रामो में पेयजल नही पहुँचा सकी और यह योजना कब पूरी होगी और कब इस योजना का फिल्टर शुध्द पानी ग्रामीणों को मिलेगा इस बात को लेकर अभी भी संशय बना हुआ है कि पूरी योजना के ग्रामो को एक साथ शुद्ध पानी मिलने में अभी भी अनेक बाधाए आ रही हैं।

इस मामले में विभागीय संभागीय अधिकारी कुछ भी कहने से बच रहे है वे सिर्फ इतना कह रहे है कि जो काम बाकी है उसके प्रस्ताव को शासन स्तर पर भेज दिया हैं।

बाग ब्लाक की सबसे बड़ी करोड़ो की लागत की मध्यप्रदेश जल निगम द्वारा क्रियान्वित ग्रामीण नल- जल प्रदाय योजना आज तक सम्पूर्ण रूप से शुरू नही हो सकी हैं। इस योजना का लाभ 29 गाँवो को मिलना था परन्तु 10 गाँवो जिनमे थाना,चिचबा, घोड़दलिया, पिपलवा, करकदा, पडलिया, घोटियादेव, जामन्यापूरा, रायसिंगपूरा, महाकालपूरा जिनमे रहने वाले कोई 10 हजार आमजन को आज भी शुध्द पानी के लिए तरस रहे है ओर अब तक इन ग्रामो में इस योजना का जल नही पहुँचा हैं।

भीषण गर्मी में पेयजल की अनुउप्लब्धता लोगो को इस महामारी के दौर में पानी के लिए दर-दर भटकने को मजबूर कर रही है।सम्बंधित ठेकेदार कम्पनी के अधिकारियों के अनुसार निविदा अंतर्गत पाइप डाल दिये गए है एवं शेष दस गाँवो को जोड़ने के लिए अतिरिक्त वर्क ऑडर की आवश्यकता है जिसका प्रस्ताव जल निगम को भेजा है जिसकी स्वीकृति अभी तक नही मिली है एवं अनुमोदन होने के बाद ही इस अधूरे कार्य को पूरा किया जा सकेगा।

सरकार की महत्वपूर्ण ग्रामीण नल जल योजना का कार्य अब तक पूरा नही हुआ है हालांकि योजना के ट्रायल में कोई 19 ग्रामो में पानी नलों में पहुँच गया है ऐसा योजना पर काम करने वाली कम्पनी के लोग बोल रहे हैं। बाग क्षेत्र के ग्रामो में भी पेयजल स्रोत की कमी है और लोगो को इस भीषण गर्मी में इस नवीन योजना से जल मिलने की उम्मीद थी।