स्वास्थ्य विभाग पर लगाया गंभीर आरोप , पॉजिटिव रिपोर्ट को निगेटिव बताकर भेजा घर

मध्यप्रदेश तेंदूखेड़ा, दमोह(Damoh)-: दमोह जिले के पहले कोरोना वायरस (Coronavirus) पॉजिटिव युवक ने तेंदूखेड़ा(Tendukedha) स्वास्थ्य विभाग पर गंभीर आरोप लगाया है। उसका कहना है कि स्वास्थ्य विभाग ने पॉजिटिव रिपोर्ट को निगेटिव बताकर उसे घर भेज दिया।3 घंटे बाद उसे फोन कर बताया गया कि वह कोरोना पॉजिटिव है और लोगों से व अपने घर वालों से दूर रहे।
अब युवक का कहना है कि इस लापरवाही से उसके गांव व परिवार के लोग भी अब जोखिम में आ गए हैं। इस समय युवक ने एक वीडियो वायरल किया है। तेंदूखेड़ा ब्लॉक के सर्रा गांव निवासी कोरोना पॉजिटिव यशवंत पटेल(Yaswant patel) ने क्वारंटाइन सेंटर से वीडियो वायरल कर कहा कि गढ़ाकोटा निवासी मामा के साथ बाइक से तेंदूखेड़ा आया था। उसने खुद ही गांव में अपना परीक्षण कराया और मामा के साथ गांव के स्कूल में रात बिताई।
पंचायत सचिव को बताया कि उसे बुखार था, इसलिए उसकी जांच कराई जाए। पहले मामा को, फिर मुझे बताया निगेटिव कोरोना पॉजिटिव युवक ने बताया कि जब वह स्वास्थ्य केंद्र पहुंचा तो वहां सामान्य जांच के बाद उसे व उसके मामा को तेंदूखेड़ा के बालिका छात्रावास में रात रोका गया।
उनके सैंपल लिए गए और उसके मामा को यह कहकर जाने के लिए कहा कि वह ठीक हैं और अपने घर जा सकते हैं। युवक ने बताया कि उसकी रिपोर्ट निगेटिव है और अब वह घर जा सकता है। घर पहुंचने के महज तीन घंटे बाद ही उसे फोन पर बताया गया कि उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। यह सुनकर वह सभी परेशान हो गये।
कोरोना पॉजिटिव का कहना सही है। जिले के सभी सैंपल बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज भेजे जाते हैं। वहां से जो रिपोर्ट आती है, इसे के आधार पर आगे की कार्रवाई होती है। । दोपहर करीब तीन बजे बीएमसी (BMC) ने रिवाइज रिपोर्ट भेजी, जिसमें बताया कि दमोह जिले में एक सैंपल पॉजिटिव निकला है। बीएमसी को कहा है कि रिपोर्ट भेजने में पूरी गंभीरता बरतें। -तरुण राठी (Tarun Rathi), कलेक्टर, दमोह

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