सिवनी : सिल्पनी पंचायत में भ्रष्टाचार की पराकाष्ठा, कार्य किए बिना ही व्यय कर दिये लाखों की शासकीय राशि

सिवनी : सिल्पनी पंचायत में भ्रष्टाचार की पराकाष्ठा, कार्य किए बिना ही व्यय कर दिये लाखों की शासकीय राशि
फर्जी वर्क आईडी सहित बिना वर्क आईडी के उड़ा दिए लाखों
सिवनी/लखनादौन महेंद्र सिंघ नायक की रिपोर्ट : – सिवनी जिले के आखिरी छोर पर स्थित लखनादौन जनपद की सिल्पनी ग्राम पंचायत इस समय भ्रष्टाचार में पूरी तरह लिप्त है। यहाँ सरपंच टेनी परते और सचिव के प्रभार में बैठे रोजगार सहायक ज्ञानसिंह कुलस्ते द्वारा गम्भीर भ्रष्टाचार करके लाखों की शासकीय राशि का दुरुपयोग किया गया है। उच्चाधिकारियों की अनदेखी या मूक सहमति से इनके हौसले बुलंद हैं और हर दिन भ्रष्टाचार के कीर्तिमान रचे जा रहे हैं। ऐसा नहीं है कि इनके कारनामे प्रकाश में नहीं आते, लेकिन मिलीभगत के चलते न इस गोरखधंधे को उठाया जाता, न कोई कार्यवाही इन पर हो सकी है। पंचायत दर्पण की आधिकारिक बेबसाइट के आँकड़े और धरातल की स्थिति इस सबकी पोल खोलते हैं।
एक ही सीसी सड़क को तीन बार दिखाकर निपटाये लाखों रुपए : –
इस पंचायत के अन्तिम ग्राम रायचौर रैयत में वर्ष 2017 में स्वीकृत सीसी सड़क का निर्माण पंचायत द्वारा कराया गया है। यह सड़क वर्क आईडी 100572119 के तहत हुकम के मकान से लेकर रजन के मकान तक स्वीकृत है, इसके लिए शासन से 484500 रुपए से अधिक 1353850 रुपए का व्यय करके सीसी सड़क बनाई गई है। इस सीसी सड़क में उस मोहल्ले के सभी मकान सम्मिलित हैं, यह गांव के अन्तिम छोर तक जाती है।
इस सीसी सड़क के में ही अन्य वर्क आईडी 100696572 बनवा कर 400000 रुपए की राशि स्वीकृत कराई गई, जिसमें प्राथमिक स्कूल से लेकर रजन के मकान तक सीसी सड़क का कथित निर्माण कर फर्जी बिल लगाकर 150000 की राशि निकाल ली गई। जबकि प्राथमिक स्कूल से लेकर रजन के मकान तक अन्य कोई सीसी सड़क निर्माण नहीं किया गया है, यहां हुकम के मकान से रजन के मकान तक इकलौती सीसी सड़क ही है।
इसी पूरी सड़क के बीचों बीच एक अन्य फर्जी वर्क आईडी 100572146 बनवा कर भगन के मकान से जियालाल के मकान तक फर्जी सीसी सड़क के नाम पर शासन से 357000 रुपए स्वीकृत कराके उससे अधिक 1060050 रुपए निकाले गए। जबकि उक्त भगन से जियालाल का मकान पूर्व निर्मित हुकम से रजन की सीसी सड़क में ही आता है। भगन से जियालाल के मकान तक अन्य कोई सीसी सड़क निर्माण नही किया गया है।
तो इस तरह पंचायत के कर्ताधर्ता सरपंच सचिव ने दो फर्जी वर्क आईडी बनवा कर शासन से 757000 रुपए स्वीकृत कराके फर्जी निर्माण दर्शाते हुए 1210050 रुपए निज स्वार्थ अथवा हितैषियों को उपकृत करने में उड़ाये गये। सिवनी जिले के अन्तिम छोर पर स्थित इस गांव में आमतौर पर कोई अधिकारी देखने अथवा जाँच करने नहीं आता, इस कारण ऐसा व्यापक भ्रष्टाचार सम्भव हो पाया है।
शासकीय स्कूलों में फर्जी शौचालय के नाम पर निकाल लिए 36000 रुपए : –
ग्राम पंचायत सिल्पनी के सरपंच टेनी परते और रोजगार सहायक ज्ञानसिंह कुलस्ते की कारगुज़ारियों का नया नमूना यह भी है। यहां बिना वर्क आईडी, बिना टीएस-एस के शासकीय स्कूलों में कागजी शौचालय निर्माण दिखाकर 36000 रुपए का बिल लगाकर हड़प लिया गया। जबकि इस पंचायत के किसी भी शासकीय स्कूलों में तत्काल में कोई भी शौचालय निर्माण नहीं किया गया है।
बता दें कि दिनांक 17/05/2020 को श्री राम ट्रेडर्स के नाम से 36000 का बिल लगाकर राशि भुगतान किया गया है। जबकि न वर्क आईडी है, न टीएस-एस और ना ही कोई शौचालय निर्माण। इनके इस कारनामे में सम्बन्धित अधिकारियों की भूमिका से इंकार नहीं किया जा सकता, क्योंकि सुनने में आया है कि रोजगार सहायक ज्ञानसिंह कुलस्ते इस फर्जी शौचालय निर्माण के टीएस-एएस पाने के लिए उपयन्त्री के चक्कर लगा रहे हैं।
ईमानदार मीडिया से डरते हैं पंचायत के कारगुज़ार : –
लोकनीति सम्वाददाता ने जब सिल्पनी पंचायत के इस गोरखधंधे की जानकारी उठाने के लिए पंचायत के सरपंच सचिव से फोन पर जानकारी चाही तो सरंपच टेनी परते का फोन ही नहीं लगता। वहीं सचिव के प्रभार में बैठे रोजगार सहायक ज्ञानसिंह कुलस्ते को फोन उठाने से एतराज है। ज्यों-त्यों पत्नि से फोन उठवाकर कहलवाते हैं कि “आप मीडिया वाले हो, पैसे-वैसे मांगते होंगे इसलिए बात नहीं करते।” एक प्रकार से रोजगार सहायक ज्ञानसिंह कुलस्ते मीडिया को बिकाऊ कहलवाकर अपमानित कर रहे हैं। हो सकता है इनका पाला अब तक ऐसे ही लोगों से ही पड़ा हो जो मामूली स्वार्थ के लिए इनके भ्रष्टाचार पर पर्दा डालने का काम करते हों। परन्तु द लोकनीति एक एककर इनके व इनके जैसे शासकीय राशि दुरूपयोग करने वालों का चेहरा सबके सामने लाता है।
इस प्रकार ग्राम पंचायत सिल्पनी के सरपंच सचिव ने सम्भावित गम्भीर भ्रष्टाचार कर शासन के बहुमूल्य जन-उपयोगी लाखों रुपए बर्बाद किए हैं। जरूरत है जनपद पंचायत, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों द्वारा सूक्ष्म जाँचकर उचित कार्रवाई करने की। उक्त घपले-घोटाले तो उदाहरण मात्र हैं, यदि बारीकी से जांच की जाये तो सिल्पनी पंचायत में भ्रष्टाचार के कई कांडों का खुलासा होगा। यदि अधिकारी इस पर अनदेखी करते हैं, तो शासकीय राशि दुरुपयोग और भ्रष्टाचार का ये सिलसिला अनवरत चलता रहेगा।
इनका कहना है :-
अखिल सहाय श्रीवास्तव
(सीईओ, जनपद पंचायत लखनादौन)
“आपके द्वारा मामला सामने लाया गया है। जाँच के लिए आदेशित किये देते हैं, जाँच उपरान्त ही कुछ कह सकते हैं।”
गुलाब सिंह नरेती
(ग्रामीण रायचौर माल)
“सर सिल्पनी पंचायत में बहुत गड़बड़ियां हैं, यहां की अधूरे काम हैं तो कहीं एक ही काम को कई बार बताया जाता है। हुकम के घर से रजन के घर तक एक ही सीसी सड़क है, दूसरी कोई नहीं। इसकी सूक्ष्म जाँच होना चाहिए। मैंने भी पहले कलेक्टर महोदय तक लिखित शिकायत की है, पर जाँच नहीं हुई।” 




