कांग्रेस ने बर्खास्त किया 30 सिंधिया समर्थक को

मध्यप्रदेश/भोपाल(Bhopal) – : ज्योतिरादित्य सिंधिया(Jyotiraj Scindia )को कांग्रेस(Congres) पार्टी छोड़े सवा दो महीने हो गए हैं, लेकिन उनके साथ पार्टी से इस्तीफा देने वाले मध्य प्रदेश(Madhyapradesh) युवा कांग्रेस के 30 सिंधिया समर्थकों को अब बर्खास्त किया गया है। और उन 24 विधानसभा क्षेत्रों या संबंधित जिलों के नेताओं पर कार्रवाई की गई है, जहां उपचुनाव(By Election) होने वाले हैं। इस्तीफा देने वाले नेताओं में से कुछ युवा कांग्रेस अध्यक्ष के लिए चुनाव भी लड़ने वाले थे, लेकिन सिंधिया के पार्टी छोड़ते ही उन्होंने इस्तीफा दे दिया था।
लॉकडाउन(Lockdown) के पहले मप्र युवा कांग्रेस के चुनाव की प्रक्रिया शुरू हो रही थी, जिसमें इंटरव्यू भी हो गए थे और छंटनी कर ली गई थी। इस बीच प्रदेश में हुई राजनीतिक उठापटक में कांग्रेस सरकार ही चली गई और ज्योतिरादित्य सिंधिया ने पार्टी छोड़ दी। इससे युवा कांग्रेस में उनके समर्थकों ने भी पार्टी छोड़ने का फैसला कर इस्तीफे दे दिए, जिनमें मुरैना, दतिया, रायसेन और रतलाम एक-एक, इंदौर, भिंड, अशोकनगर, सागर, धार से दो-दो, ग्वालियर, गुना, देवास, मंदसौर से चार-चार सहित कई और भी जिलों के भी नेता थे।
युवा कांग्रेस ने तब इनके इस्तीफे स्वीकार नहीं किए और सवा दो महीने बाद उन्हें प्राथमिक तथा सक्रिय सदस्यता से बर्खास्त करने का फैसला ले लिया। युवा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष कुणाल चौधरी ने युवा कांग्रेस के 30 नेताओं की बर्खास्तगी संबंधी बयान जारी किया है। बताया जा रहा है कि युवा कांग्रेस के चुनाव लड़ने के लिए कई सिंधिया समर्थक भी आगे आए थे, जिनमें कृष्णा घाडगे, पवन जायसवाल, पप्पन शर्मा जैसे नाम प्रमुख थे। घाडगे तो युवा कांग्रेस में नहीं थे, लेकिन पवन जायसवाल व पप्पन शर्मा प्रदेश अध्यक्ष का चुनाव लड़ने वाले थे। शर्मा के खिलाफ अभी कार्रवाई नहीं हुई है, जबकि पवन जायसवाल को बर्खास्त कर दिया है।




