जबलपुर इन्क्यूबेशन सेंटर के स्टार्टअप होम गुरूजी को मिली 25 लाख की सीड फंडिंग

मध्यप्रदेश/जबलपुर : बड़े शहरों के साथ ही छोटे शहरों में कई सारे स्टार्टअप जन्म ले रहे हैं और आगे भी बढ़ रहे हैं। इसके पीछे कई सारी वजहे हैं, जिसमे सबसे प्रमुख है शहर में संचालित इन्क्यूबेशन सेंटर जिसे जबलपुर स्मार्ट सिटी द्वारा संचालित किया जा रहा हैं। इस इन्क्यूबेशन सेंटर में ५० से अधिक स्टार्टअप वर्तमान में कार्ययत हैं। इस इन्क्यूबेशन सेंटर के कई स्टार्टअप पहले भी सफलता के झंडे गाड़ चुके है चाहे वह NASA ने पुरुस्कृत स्टार्टअप शौर्य मोशन हो, ऑर्टीफिटियल इंटेलीफेन्स बेस्ड स्टार्टअप एडवेर्टो या फिर रिकूटी।
इसी क्रम में एक नया नाम है शहर के एक युवा उद्यमी *निखिल भटनागर* का, जिनका ऑनलाइन शिक्षा के क्षेत्र का स्टार्टअप होम गुरूजी प्रतिदिन सफलता के नए आयाम लिख रहा हैं। इस स्टार्टअप को हैदराबाद एंजल्स और इन्क्यूबेशन मास्टर्स की मदद से पुणे एक के एक एंजेल इन्वेस्टर गिरजेश व्यास द्वारा २५ लाख की राशि प्रदान की गई।
जबलपुर का अपना एडटेक स्टार्टअप – होम गुरूजी
होमगुरुजी की स्थापना सन 2020 में फाउंडर निखिल भटनागर एवं कोफाउंडर मयंक श्रीवास्तव ने जबलपुर मध्य प्रदेश में की। जो आज जबलपुर और मध्य प्रदेश के अन्य शहरों में बच्चो , युवाओ और प्रोफेशनल्स को घर बैठे बैठे ही दुनिया भर के प्रसिद्ध शिक्षकों और ट्रेनर्स से जोड़ता हैं। इस प्लेटफार्म की विशेषता यह भी है की यह हिंदी माध्यम के छात्रों के लिए ही सुविधाएं प्रदान करता हैं।
होमगुरुजी देश के हर हिस्से में सभी के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के उद्देश्य से “एक छात्र-एक शिक्षक” मॉडल पर काम कर रहा है ।
होमगुरुजी के संस्थापक की कहानी प्रेरणादायक है। निखिल भटनागर ने अपने कॉलेज के दिनों के दौरान घर पर ट्यूशन देना शुरू कर दिया था और जल्द ही उन्होंने महसूस किया कि बहुत से ऐसे लोग हैं जो कॉलेज में रहते हुए भी पढ़ाना चाहते हैं। इस दौरान, उन्होंने यह भी महसूस किया कि प्रत्येक छात्र की समझने की शक्ति समान नहीं होती है, और प्रत्येक छात्र को विशेष ध्यान देने की आवश्यकता होती है, कुछ जल्दी समझ सकते हैं, लेकिन अन्य वही चीज समझने में थोड़ा ज्यादा समय लेते है। इसलिए, उन्होंने व्यक्तिगत कक्षाएं लेना शुरू कीं और कोरोना काल के दौरान , उन्होंने एक डिजिटल मंच का निर्माण किया और छात्रों को डिजिटल रूप से ट्यूशन प्रदान करने के लिए इस डिजिटल बुनियादी ढांचे का लाभ लिया।
हिंदी या क्षेत्रीय भाषा बोलने वाले छात्रों को अक्सर अपनी स्थानीय भाषा में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त करना कठिन होता हैं। होमगुरुजी आपकी स्थानीय भाषा में सर्वश्रेष्ठ शिक्षा प्रदान करने की पेशकश करता है।
होमगुरुजी न केवल माता-पिता को अपने बच्चे के लिए सही ट्यूटर का चयन करने में मदद करता है, बल्कि अपने ज्ञान को साझा करके एक अच्छी राशि कमाने के लिए युवाओं की संख्या में भी मदद करता है, और इन सभी चीजों को आप अपने घर के कमरे में बैठकर कर सकते हैं। अच्छी शिक्षा के लिए किसी को भी अपने घर से बाहर नहीं निकलना पड़ता। होम गुरुजी मैं ना केवल पाठ्यक्रम-आधारित शिक्षक हैं , बल्कि इस संस्था में विभिन्न क्षेत्रों के 500+ से भी अधिक विद्वान हैं जो बच्चों में समग्र विकास लाने में मदद करते हैं।
होमगुरुजी के अनुसार शिक्षा सभी के लिए है और उसी पर ध्यान केंद्रित करते हुए वह न केवल गरीब छात्रों को पढ़ाई में मदद कर रहे हैं , बल्कि उन छात्रों पर भी ध्यान केंद्रित करते हैं जो छोटे स्कूलों में हैं और जिनके पास अच्छी तरह से अध्ययन करने के लिए संसाधन नहीं हैं। होम गुरुजी अब अपनी विशेष गणित कक्षाओं के साथ विभिन्न शहरों,राज्यों और यहां तक कि विदेशों में भी अपनी सेवाएं प्रदान करने की इच्छा रखता हैं।
होम गुरूजी के फाउंडर निखिल भटनागर ने बताया की उनकी टीम इस राशि का प्रयोग विभिन्न शहरों और राज्यों में बड़े पैमाने पर काम करने के उद्देश्य से करेगा। वह अब देशभर के शिक्षकों की भर्ती करेगा क्योंकि वह छात्रों को सर्वश्रेष्ठ गुरु प्रदान करने के मिशन की ओर अग्रसर हैं। होम गुरुजी न केवल छात्रों की पढ़ाई पर ध्यान दे रहा है बल्कि छात्रों में छुपी हुई प्रतिभा का भी पता लगा रहा है जिसके लिए वह अन्य गतिविधि जैसे योग, नृत्य ,गायन, व्यक्तित्व विकास ,कंप्यूटर और कोडिंग के शिक्षक भी उपलब्ध कराएगा जो न केवल छात्रों को पढ़ाएंगे बल्कि उनका सहारा बनकर उनको अपने लक्ष्य की ओर प्राप्त करने में सहायता करेंगे ।
क्या होता है इन्क्यूबेशन सेंटर? *
स्टार्टअप व्यवसाय को विकसित करने में मदद करने वाले संस्थानों को इन्क्यूबेशन सेंटर कहा जाता है. इन्क्यूबेशन सेंटर प्रारंभिक चरण में स्टार्टअप्स के लिए संजीवनी के सामान होते हैं। ये संस्थान आम तौर पर स्टार्टअप्स को व्यापारिक एवं तकनीकि सुविधाओं, सलाह, प्रारंभिक विकास निधि (Seed Funding), नेटवर्क (Network) और सम्बन्ध (Connections), सहकारी रिक्त स्थान (Co-Working Space), प्रयोगशाला की सुविधा (Labs), सलाह और सलाहकार समर्थन (Consultancy Services) जैसी सुविधाएं प्रदान करती हैं। शुरुआती चरण में इनक्यूबेटर इन स्टार्टअप्स के लिए एक गुरु की भूमिका निभाता है और वो इनके लगभग सम्पूर्ण पारिस्थिक तंत्र (Eco-system) का हिस्सा होते हैं. भारत सरकार द्वारा २०१६ से संचालित स्टार्टअप इंडिया प्रोग्राम तहत इन्क्यूबेशन सेंटर की भूमिका बहुत ही महत्वपूर्ण हैं। इस योजना के तहत, सरकार ने स्टार्टअप्स समर्थन के लिए देश में १०० से अधिक इन्क्यूबेशन सेंटर्स को मान्यता प्रदान की गई हैं। जिसमे जबलपुर शहर का जबलपुर इन्क्यूबेशन सेंटर भी एक हैं। शहर के युवा उद्यमी इस इन्क्यूबेशन सेंटर से जुड़ने और इसकी सेवाओं का लाभ उठाने के लिए इनकी वेबसाइट पर रजिस्टर कर सकते हैं।




