भ्रष्ट विभाग में सिंधिया समर्थक मंत्री सबसे आगे, गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा का विभाग भी शामिल, EOW की रिपोर्ट में बड़ा खुलासा

भोपाल : साल 2021 के दौरान मध्यप्रदेश में भ्रष्टाचार के मामले चार साल की तुलना में ज्यादा हुए हैं। लोकायुक्त पुलिस और EOW की रिपोर्ट यही कहती है। वहीं, इस रिपोर्ट में जो खुलासा हुआ है वो भी चौका देने वाला है। बता दे कि सिंधिया समर्थक मंत्रियों के पास जो विभाग है वो इस रिपोर्ट में सबसे ज़्यादा भ्रष्ट पाए गए है।
रिपोर्ट के अनुसार सबसे ज्यादा भ्रष्ट अफसर राजस्व विभाग के पकड़ाए हैं। यह विभाग मंत्री गोविदंसिंह राजपूत के पास है। इसके अलावा पंचायत मंत्री महेंद्रसिंह सिसौदिया के विभाग के अफसर घूसखोरी और काली कमाई में नंबर 2 पर हैं। ये दोनों सिंधिया के सबसे करीबी नेताओं में से है। जबकि, तीसरे नंबर पर नगरीय विकास विभाग का नंबर है जो कि शिवराज के करीबी भूपेंद्रसिंह के पास है।
वहीं, टॉप 5 में चौथे नंबर पर गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा का विभाग रहा। सबसे ज्यादा करप्शन के मामले में प्रदेश के सातों संभाग में से इंदौर-जबलपुर टॉप पर रहे।
रिपोर्ट के अनुसार, लोकायुक्त और आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) ने कोरोना काल 2021 में 341 भ्रष्ट अफसरों के नकाब उतारे। कोई रंगे हाथ धराया तो किसी के घर से अकूत संपत्ति का भांडाफोड़ किया। लोकायुक्त ने 250 और आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) ने 91 केस रजिस्टर्ड किए। 2020 में सिर्फ 118 मामले सामने आए थे। इस हिसाब से यह तीन गुना हो गए हैं।




