जबलपुर : पहले दबाया युवक का गला और पानी में डुबोकर कर दी हत्या, अंधे हत्याकांड का पुलिस ने ऐसे किया खुलासा

जबलपुर : पहले दबाया युवक का गला और पानी में डुबोकर कर दी हत्या, अंधे हत्याकांड का पुलिस ने ऐसे किया खुलासा
- पाटन थाना अंतर्गत भुंवारा गांव में तालाब में मिली थी युवक की लाश
- मृतक आए दिन करता था आरोपी की भतीजी को परेशान
- गुस्से में आकर चाचा ने युवक को उतार दिया मौत के घाट
द लोकनीति डेस्क जबलपुर
पाटन थाना क्षेत्र के भुंवारा गांव में तालाब में मिली युवक की अंधी हत्या का खुलासा पुलिस ने कर दिया है। युवक युवक की हत्या गांव के एक अधेड़ ने उसकी भतीजी को आए दिन परेशान और छेड़छाड़ को लेकर की थी। हत्या करने के बाद आरोपी ने इसकी जानकारी परिवार वालों को देने के बाद मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने आरोपी को गांव में ही गिरफ्तार कर लिया है।
यह है पूरा मामला : भुंवारा गांव में 8 अक्टूबर को तालाब में एक युवक का शव उत्तर आने की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने देखा कि तालाब के पानी में उगी घास और सिंघाड़े की बेल के बीच एक युवक का शव उत्तर आ रहा था। पुलिस ने शव को बाहर निकलवाया और देखा तो शरीर पर तो कोई जाहिर चोट के निशान नहीं थे, लेकिन गले में पुलिस को एक निशान मिला। आसपास पूछताछ करने पर मृतक की शिनाख्त सुदीप चक्रवर्ती (19) निवासी भुंवारा के रूप में परिजनों द्वारा की गई। जांच के दौरान बबलू और संतोष चक्रवर्ती ने बताया कि 7 अक्टूबर को शाम 6:00 बजे के लगभग उसका भांजा सुदीप चक्रवर्ती गांव में घूमने जाने का कहकर घर से निकला था। देर रात तक घर वापस नहीं लौटने पर 8 अक्टूबर को रात को 1:00 बजे के लगभग पाटन थाने में उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले को जांच में लिया।
परिजनों से की पूछताछ तो चौंकाने वाली बात आई सामने : सिर्फ 3 फुट पानी की गहराई में डूबकर मृत्यु होने को पुलिस ने संदेहास्पद मानते हुए मामले की जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने गांव और परिजनों से पूछताछ की तो पता चला कि 7 अक्टूबर को 5:00 से 6:00 बजे के लगभग मृतक सुदीप चक्रवर्ती गांव में अपने दोस्तों के साथ देखा था। उसके बाद गांव के ही तालाब में शौच के लिए चला गया था। सुदीप के जाने के बाद गांव के पुरुषोत्तम चक्रवर्ती को तालाब की तरफ जाते हुए देखा गया था और पुरुषोत्तम शाम को 7:30 बजे के लगभग गीले कपड़े पहने हुए भागते हुए अपने घर की तरफ देखा गया।
मां, पत्नी और भतीजी ने खोला सारा राज : पुलिस ने संदेही पुरुषोत्तम की तलाश की लेकिन वह घर पर नहीं मिला। पूछताछ के दौरान उसकी पत्नी मां और भतीजी ने बताया कि सुदीप आए दिन घर के सामने खड़े होकर सीटी बजा कर इशारे कर करते हुए परेशान करता था। जिससे घर के लोग बेहद परेशान थे। पुरुषोत्तम 7 अक्टूबर को भागकर घर आया और उसने बताया कि उसने तालाब के पानी में डुबोकर सुदीप को मार डाला है। विवेचना के दौरान साक्ष्य के आधार पर पुलिस ने धारा 302, 201 का मामला दर्ज कर विवेचना में लिया।
जमीन पर पटका, गर्दन दबा कर पानी में डुबोकर कर दी हत्या : पुलिस ने सरगर्मी से पुरुषोत्तम चक्रवर्ती की तलाश की, जो गांव में ही पुलिस को मिल गया। पूछताछ के दौरान पुरुषोत्तम ने बताया कि घटना वाले दिन शाम 7:00 बजे के लगभग वह तालाब के पास घूमने गया था, जहां उसे सुदीप मिल गया। उसने गुस्से से सुदीप का हाथ और गला पकड़ा और जमीन पर पटक दिया। बाद में वह उसे घसीटते हुए तालाब के पानी में ले गया और गर्दन दबा कर पानी में डुबो कर उसकी हत्या कर दी। सुदीप के शव को तालाब के पानी में लगी घास और लताओं के बीच फंसा कर छिपा दिया, ताकि किसी को शव के बारे में पता ना चल सके। प्रकरण में आरोपी पुरुषोत्तम चक्रवर्ती को पुलिस ने गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया।
इनकी रही उल्लेखनीय भूमिका : अंधी हत्याकांड के खुलासे और आरोपी की गिरफ्तारी में थाना प्रभारी पाटन आसिफ इकबाल, उप निरीक्षक अर्चना सल्लाम, उप निरीक्षक संदीप तोमर, सहायक उप निरीक्षक साहब सिंह पटेल, एमपी सोनी, आरक्षक अमित पांडे, अनुराग रैकवार और आरक्षक दिनेश मीणा की सराहनीय भूमिका रही।




