थाली है खाली,फिर भी बजा रहे ताली ,पढ़िए आज विशेष "थाली ताली ,PM मोदी,युवा और रोज़गार " देखें video 

थाली है खाली,फिर भी बजा रहे ताली ,पढ़िए आज विशेष "थाली ताली ,PM मोदी,युवा और रोज़गार " देखें video 

थाली है खाली,फिर भी बजा रहे ताली ,पढ़िए आज विशेष "थाली ताली ,PM मोदी,युवा और रोज़गार " देखें video 

  • अब युवा हुआ जागरूक - 5 तारीख़ 5 बजे 5 मिनट लगातार थाली बजाकर युवाओं ने माँगा PM मोदी से रोज़गार  
  • देश भर में अलग अलग जगहों पर पढ़े लिखे बेरोजगार युवाओ ने 5 सितंबर को 5 बजे 5 मिनट तक  थाली- और तालियाँ बजाई। 
  • पिपरिया में भी युवाओ ने अपने घर और छत पर इस ताली थाली बजाकर इस "रोजगार दो " आंदोलन का समर्थन किया।

देखें video -https://www.facebook.com/1296317803760559/posts/3405218109537174/

" द लोकनीति  " के पत्रकार शशांक तिवारी का यह विशेष आज़ाद लेख 
ताली -थाली बजाओ कुछ आपकी यादें ताज़ा हुई ,कैसे भूल सकतें है आप ....वो कोरोना को शुरुआती lockdown का दौर जो था .....
दरअसल प्रधानमंत्री मोदी live आकर कहते है एकसाथ पूरा भारत देश 5 बजे 5 मिनट तकलगातार कोरोना वारियर्स के लिए मोटिवेशन दे 
वे हमारे देश औऱ जनता की सेवा में लगे हुए है । अच्छी बात है !!! औऱ उनका कहना मानकर सम्पूर्ण देश के अमीर -ग़रीब,छोटे-बड़े,बच्चे-बूढ़े औऱ युवाओं ने भी उस समय थाली बजाई औऱ उनका समर्थन किया ।
हालांकि IT सेल की माने औऱ व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी के सूत्रों की माने तो ताली बजाकर पूरे वातावरण में vibration एकसाथ होगा औऱ ये वाइब्रेशन coronavirus को मार देगा । आप इसे ज्यादा serious न ले क्योंकि ये IT सेल वाले औऱ व्हाट्सअप वालो का ये पुराना खेल है वे सफ़ेद झूट को काले कौवे की तरह दिखा देते है।
फ़िलहाल ये ताली थाली का खेल फ़िर से शुरू हो गया जिसकों मज़ा आर हा था वह फ़िर से शुरू कर सकता है आपको कोई पुलिस नहीं रोकेंगी न डंडे पड़ेंगे लेकिन आपका पड़ोसी जरूर डंडे मार सकता है ।
ख़ैर बहुत मज़ाक हो गया ....नहीं मैंने नहीं ..किया
लेकिन भारत सरकार ने देश के युवाओं के साथ जरूर मज़ाक कर लिया है औऱ लगातार करती जा रही है। अब देश का युवा जागरूक होकर प्रधानमंत्री मोदी के दिखाए अच्छे दिन की तलाश कर रहा है कि उनको करोड़ो की संख्या में रोजगार मिलने वाल कहा खो चुका है , अब युवाओं ने क़सम खा ली है कि अब किसी नेता के चक्कर मे नही पड़ना है ।हमें रोजगार दो हम ख़ुद ही आत्मनिर्भर बन जायेंगे। अब युवा पूरे देश में यह साफ़तौर पर सरकार की आँख में आँख डालकर कह रहा है में युवा हूँ ,मुझे रोज़गार चाहिए ,यही मेरा विकास है।
वाक़ई युवाओं की मांग जायज़ है किसने कैसे पढ़ाई की है ?? कैसी स्तिथि से पढ़ी है वह स्वयं ही जानता है। आमतौर पर आजकल के युवाओं में attitude होता है वे किसी के सामने झुकना पसंद नहीं करतें न ही अपनी कमजोरियों औऱ परेशानी को लेकर बात करना पसंद करते है।
 लेकिन आप ख़ुद ही सोचें ...किसी लड़के की माँ ने अपने जेवर गिरवीं रख कर उसकी पढ़ाई पूरी करवाई तो किसी किसान के बेटे की पढ़ाई के लिए किसान ने अपना सबकुछ अपने बेटे की पढ़ाई में लगा दिया। उसे लगता था कि मेरा बेटा पढ़ लिखकर बड़ा बाबू साहब बन जाएगा .....लेकिन बाबा तुम सब अपने अंदर झाँको हमने इतना पढ़ तो लिया लेकिन क्या कुछ अपने घर के लिए कर पाए.... नहीं ना ...क्यों??
 सरकार  अब तुम्हें कोरोना महामारी का बहाना देगी.. लेकिन तुम देख लो पिछले 45 साल के आंकड़ों में सबसे ख़राब हालत में है ,बेरोजगारी अपने चरम पर है ,GDP के G लग चुके है क्योंकि GDP पहले पॉजिटिव में आती थी लेकिन कोरोना की वजह से उसने भी अपनी रिपोर्ट नेगेटिव कर ली है शायद यही वज़ह है कि जीडीपी (सकल घरेलू उत्पाद) -23.9℅ में आ पहुंची है।
हर जगहों में हर विभाग में निजीकरण(privatization) किया जा रहा है
 PM care fund में सभी ने पैसा दिया लेकिन आप उसकी जानकारी नहीं ले सकते क्यों ??..सरकार की मर्ज़ी है वह आपको नहीं बताना चाहती कि उसने उस पैसे से कितने वेंटिलेटर  ख़रीदे या मध्यप्रदेश औऱ कर्नाटक में कितने विधायक खरीद डाले ख़ैर.....

अब शायद देश के PM मोदी का dailouge ही युवाओं को याद रखना चाहिए कि इस देश मे सबसे ज्यादा युवा शक्ति है ,हम युवा है ,हम कुछ भी कर सकतें है ,युवा किसी भी देश की ताकत होते है .....लेकिन इन युवाओं को अब लग रहा है कि जल्द PUB-G बंद हो जाएगा तब हम क्या करेंगे…...???
अभी तक हम यहाँ चिकन डिनर कर लेते थे लेकिन घर वालों के डिनर के लिए रोजगार तो चाहिए वह कहाँ से आएगा ....???
हमनें इतनी पढ़ाई की लेकिन मतलब क्या निकला ...जब रोजगार ही नहीं है ।।।।
सबसे ज़्यादा नेगेटिव पढ़-लिखकर कॉलेज से तैयार हुआ युवा परेशान है क्योंकि वो अपने सीनियर से काफ़ी सुन चुका है।
सबके अपने दर्द औऱ ज़ख्म हैं  लेकिन यह ज़ख्म अंबानी परिवार के JIO के दिये हुए Data से बह जाता है ।
वह नेट में उलझा रहता है .....लेकिन सुलझा कभी नहीं रह पाता है.…
अब करें भी तो करें क्या..???
मीडिया सुशांत की मौत औऱ सुसाइड ,मर्डर मिस्ट्री ,रिया ,ड्रग्स सब ऐसे दिखा रहा है जैसे युवाओं को रिया औऱ सुशांत ही रोज़गार देने वाला है ,युवाओं की बात न कोई "तक" कर रहा है न कोई "भारत" चैनल ....ख़ैर छोड़िये जब भारत सरकार नहीं कर रही तो इनसे उम्मीद क्या कर सकते हैं आप....???
अंत मे यही लिखूंगा आप facebook ,twitter औऱ इंस्टा में जितने युवा है अब आप जाग जाए ....
आपकी आने वाली पीढ़ियों औऱ सीढ़ियों के लिए ही लड़ाई सभी युवा लड़ रहें....
...सब मिलकर बोलो.....
रोज़गार दो ......रोजगार दो......
रोज़गार दो.....थाली -ताली बजाओ.....
जो मिले वह बजाओ .....कुछ न मिले तो उस नेता को बजाओ जिसने कहा था में तुम्हें रोजगार दूंगा तुम मुझें वोट दो......
अब न पड़ना किसी नेता के चक्कर में..... क्योंकि कोई नहीं हैं रोज़गार के टक्कर.....
अंत मे चाचा विधायक नहीं अपने औऱ अपना  परिवार ही काम आता है.....
जय हिंद जय भारत......